बोले पथ निर्माण मंत्री नंद किशोर यादव, कहा- लेन गंगा ब्रिज का कार्य 2021 तक पूरा किया जायेगा

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पथ विकास निगम द्वारा कार्यान्वित एक दर्जन से अधिक योजनाओं की हुई समीक्षा

नेशन भारत, सेंट्रल डेस्क: बिहार के पथ निर्माण मंत्री नंद किशोर यादव ने राज्य में सड़कों के विकास और विस्तार से संबंधित पथ निर्माण की योजनाओं को तेज करने का निर्देश दिया है ताकि इसे ससमय पूर्ण गुणवत्ता के साथ पूरा किया जा सके. श्री यादव बुधवार को बिहार राज्य पथ विकास निगम लिमिटेड द्वारा क्रियान्वित की जा रही परियोजनाओं की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे. बैठक में पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव अमृत लाल मीणा और बिहार राज्य पथ विकास निगम लि के प्रबंध निदेशक संजय कुमार अग्रवाल, मुख्य महाप्रबंधक संजय कुमार के अलावा कई अन्य अधिकारी उपस्थित थे.

निगम की ओर से चल रही निर्माण योजनाओं का श्री अग्रवाल ने विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुतीकरण के जरिये पेश किया. श्री यादव ने कहा कि जेपी सेतु एप्रोच से संबंधित दीघा फ्लाईओवर पर वाहनों का परिचालन फरवरी, 2020 से प्रारंभ हो जायेगा. पटना कैनाल के ऊपर एलिवेटेड कॉरीडोर का लगभग सभी कार्य पूर्ण है. अवशेष बचे हुए आरओबी को 31 मार्च, 2020 तक पूर्ण कर यातायात परिचालन हेतु अप्रैल, 2020 से खोल दिया जायेगा.


बैठक में गंगा पथ की धीमी प्रगति पर श्री यादव ने चिन्ता व्यक्त की गई. संवेदक के प्रतिनिधि द्वारा बताया गया कि अब उनके द्वारा इस परियोजना में राशि लगाई गई है एवं इस पथ में दीघा से एएन सिन्हा इन्स्टीट्यूट पथांश को इस वर्ष जून तक पूर्ण कर लेने की योजना है. श्री यादव ने बताया कि गंगा पथ एवं बख्तियारपुर-ताजपुर परियोजना के संबंध में कम्पनी के प्रबंधन से जुड़े शीर्ष पदाधिकारियों के साथ बैठक कर समस्याओं को दूर किया जाय. बैठक में बताया गया कि 6- लेन गंगा ब्रिज परियोजना का कार्य 2021 तक पूर्ण किये जाने की योजना है. इस योजना के संबंध में भू-अर्जन का कार्य पूर्ण कर संवेदक को हस्तांतरित कर दिया गया है.

श्री यादव ने बताया कि बैठक में नेशनल हाईवे-82 (गया-राजगीर-बिहारशरीफ खण्ड) की धीमी प्रगति के लिए Contract के प्रावधानों के अनुरूप कार्य में शिथिलता बरतने के लिए कार्रवाई की जाय. उन्होंने बताया कि बिहटा सरमेरा पथ के डुमरी से सरमेरा पथांश अगले माह मार्च, 2020 तक पूरा हो जाएगा। बिहटा से डुमरी तक जमीन की सारी समस्याओं का निराकरण कर लिया गया है, और इसे जून, 2020 तक पूर्ण करने का लक्ष्य है।


श्री यादव ने बताया कि समीक्षा बैठक में उदाकिशनगंज-भटगावां पथ, कादिरगंज-खैरा पथ, घोघा-पंजवारा पथ, अकबरनगर-अमरपुर पथ एवं बिहिया-जगदीशपुर-पीरो-बिहटा पथ का कार्य कर रहे संवेदक को निदेश दिया गया कि इस साल जून तक इन सभी परियोजनाओं को पूर्ण किया जाय. श्री यादव ने SH.81 (सकड्डी-सहार) पथांश की धीमी प्रगति पर क्षोभ व्यक्त किया और निदेश दिया कि इस योजना का कार्यान्वयन मार्च, 2020 तक निश्चित रुप से पूरा कर लिया जाय। इसी प्रकार SH.91 (वीरपुर-उदाकिशनगंज पथ) को भी मार्च, 2020 तक पूर्ण करने का निदेष दिया गया।

बैठक में sH.87 (रून्नीसैदपुर-भीस्वा पथ) एवं SH.88 (वरूणा पुल-रसियारी पथ) परियोजना की कमजोर प्रगति चिन्ता व्यक्त करते हुए बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लि को इन कार्यों को पूर्ण करने के लिए वैकल्पिक उपायों पर विचार करने का निदेश दिया गया. बैठक में अन्य प्रस्तावित परियोजनाओं यथा; मीठापुर-महुली पथ तथा भभुआ-अधौरा पथ, मानसी-फनगो हाॅल्ट पथ एवं सिरसा मोड़-बलरामपुर पथ के संबंध में Bid Document तैयार करने का निदेश दिया गया ताकि इसकी स्वीकृति मिलते ही निविदा की कार्रवाई अविलम्ब शुरू की जा सके.

श्री यादव ने कहा कि आर ब्लॉक- दीघा पथ के मध्य कुर्जी नाला से दीघा तक 5 किमी की लम्बाई में ही भूमि की उपलब्धता के अनुसार 5.5 मीटर चौड़ाई में सर्विस रोड का निर्माण किया जा रहा है. शेष पथ के दोनों तरफ 7 मीटर चैड़ाई में सर्विस रोड का निर्माण किया जा रहा है. बैठक के दौरान नेहरू पथ पर प्रस्तावित फ्लाईओवर के संबंध में बताया गया कि निर्माण के दौरान ट्रैफिक एरेन्जमेन्ट प्लान इस तरह तैयार किया गया है कि निर्माण कार्य से वाहनों का परिचालन बाधित न हो। पूरे परियोजना को जून, 2020 तक पूर्ण करने हेतु निदेर्शित किया गया.

श्री यादव ने बताया कि जेपी सेतु एप्रोच से संबंधित दीघा फ्लाईओवर पर वाहनों का परिचालन फरवरी, 2020 से प्रारंभ हो जायेगा. पटना कैनाल के ऊपर एलिवेटेड कॉरीडोर का लगभग सभी कार्य पूर्ण है. अवशेष बचे हुए आरओबी को 31 मार्च, 2020 तक पूर्ण कर यातायात परिचालन हेतु अप्रैल, 2020 से खोल दिया जायेगा.

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